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सिंध नदी ने लिया विकराल रूप, ताश के पत्तों की तरह बहा पुल

भिंड। ग्वालियर-चंबल अंचल के कई जिलों में लगातार हो रही बारिश के चलते अब स्थिति विकराल होने लगी है। शिवपुरी में सिंध नदी पर स्थित मड़ी खेड़ा डैम के बांध खोले जाने से सिंध नदी उफान पर आ गई है। बिगड़ति स्थिति को देख प्रशासन भी हरकत में आ गया है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि कई सालों बाद सिंध नदी का यह रौद्र रूप देखने को मिला है। हालात यह है कि सिंध नदी के ऊपर रतनगढ़ माता पहुंचने के लिए बना हुआ पुल ऐसे बह गया मानो वह लकड़ी का बना हुआ हो, इसके साथ ही सिंध नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। सिंध नदी के आसपास बसे गांव में पानी पहुंचने लगा है ऐसे में जिला प्रशासन ने एहतियात के तौर पर गांवों को खाली कराना शुरू करवा दिया है। कुछ गांव तो अभी तीन तरफ से पानी से गिर चुके हैं। ऐसे गांवों को प्राथमिकता के आधार पर खाली करवाकर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।

भिंड कलेक्टर सतीश कुमार एवं पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार सिंह अपने अमले के साथ चंबल एवं सिंध नदी के आसपास के ऐसे गांव का दौरा कर रहे हैं जो बाढ़ की चपेट में आने की संभावना है। गांव के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने की हिदायत दी जा रही है, वही पशुओं की रस्सी खोल कर उन्हें छोड़ने के लिए भी कहा जा रहा है ताकि आपदा की स्थिति में पशु खुद को बचा सके।

मृदुभाषी के लिए भिंड से राहुल शर्मा की रिपोर्ट