भारत अपने वैश्विक व्यापार संबंधों को मजबूत करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिसंबर में संभावित बहु-देशीय दौरे पर विचार किया जा रहा है। इस कूटनीतिक कवायद के केंद्र में भारत के महत्वपूर्ण व्यापार समझौते रहने की संभावना है।
भारत और यूरोपीय संघ के बीच मुक्त व्यापार समझौते यानी FTA पर लंबे समय से बातचीत चल रही है। इसके अलावा कनाडा के साथ व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते को लेकर भी आगे बढ़ने की कोशिश की जा रही है। ऐसे में प्रधानमंत्री का संभावित दौरा व्यापार वार्ताओं को राजनीतिक स्तर पर गति दे सकता है।
भारत हाल के वर्षों में अलग-अलग देशों और आर्थिक समूहों के साथ नए व्यापार समझौतों पर जोर दे रहा है। इसका लक्ष्य भारतीय निर्यातकों के लिए नए बाजार खोलना, निवेश बढ़ाना और वैश्विक सप्लाई चेन में भारत की भूमिका मजबूत करना है।
दिसंबर के प्रस्तावित दौरे का अंतिम कार्यक्रम सामने आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि प्रधानमंत्री किन देशों की यात्रा करेंगे। लेकिन व्यापार समझौतों को लेकर चल रही गतिविधियों ने इस संभावित दौरे को अभी से महत्वपूर्ण बना दिया है।







