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8 मार्च को पेश होगा शिवराज सरकार का बजट, आम और खास की उम्मीदों पर उतर सकता है खरा

भोपाल। मध्यप्रदेश का अगला बजट 8 मार्च को पेश होगा। यह बजट आम और खास की उम्मीदों पर खरा उतर सकता है। क्योंकि ये चुनावी तैयारी का बजट होगा। इसमें 2023 के विधानसभा चुनाव की झलक दिख सकती है। बजट में स्थानीय विकास के साथ हर वर्ग यहां तक कि बच्चों के मुद्दे भी शामिल करने की तैयारी है।

आम जनता से भी सुझाव मांगे गए हैं। प्रदेश के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि बजट हर बार खास होता है इस बार का बजट ज्यादा खास होगा। सरकार और सीएम को बजट का अनुभव है। उसमें हर आम और खास आदमी की उम्मीद को पूरा किया जाएगा।

प्रदेश के वित्तमंत्री जगदीश देवड़ा के बजट में स्थानीय विकास के मुद्दों पर सबसे ज्यादा फोकस होगा। इसके साथ उद्योग, कर्मचारी, शिक्षा और युवाओं के साथ पहली बार बच्चों के लिए अलग बजट होगा। हर वर्ग के लिए कुछ न कुछ नया करने की तैयारी है। पिछली बार बजट में सरकार ने कोई टैक्स नहीं लगाया था उम्मीद इसी को लेकर सरकार इस बार भी सरकार कोई नया टैक्स नहीं लगाएगी।

रोजगार के लिए होगा काम

प्रदेश में बेरोजगारों को राज्य सरकार के बजट से काफी उम्मीदें हैं। सरकार ने एक लाख रोजगार हर महीने देने का वायदा किया है। सरकारी पदों पर भर्ती से लेकर युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए सरकार अगले बजट में उत्तम क्रांति योजना के लिए बड़ी राशि का प्रावधान करेगी।

किसानों के लिए सौगात

कृषि पर भी इस बजट में खासा फोकस होगा। फसल बीमा का लाभ किसानों को दिलाने के लिए बजट में राशि का प्रावधान हो सकता है। इसके अलावा प्राकृतिक आपदा से होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए भी सरकार मुआवजा राशि बढ़ाने का प्रावधान कर सकती है। साथ ही कृषि में ड्रोन के इस्तेमाल को लेकर भी कुछ नए ऐलान हो सकते हैं। नर्मदा किनारे प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए भी सरकार बजट में राशि का प्रावधान कर सकती है।

महिलाओं के लिए नई योजना
महिलाओं के लिए भी इस बजट में कुछ नया होने की उम्मीद है। संभागीय मुख्यालय पर उत्कृष्ट संस्थान और स्व सहायता समूह को नए क्षेत्रों से जोड़ने का ऐलान वित्तमंत्री बजट में कर सकते हैं।

कर्मचारियों को भी उम्मीद:
कर्मचारियों को भी इस बार बजट से काफी उम्मीदें हैं। केंद्रीय कर्मचारियों की तुलना में राज्य कर्मचारियों को 11 फीसदी कम डीए मिल रहा है। डीए बढ़ाने, पुरानी पेंशन लागू करने और प्रमोशन से जुड़े मुद्दों पर कर्मचारियों को बजट से खासी उम्मीद है।

सस्ती बिजली, कम वेट की उम्मीद

प्रदेश का व्यापारिक और उद्योग जगत भी इस साल के बजट से उम्मीद लगा कर बैठा है। मंडीदीप एसोसिएशन को उम्मीद है कि टैक्स से जुड़े विवादित मामले सुलझाने के लिए एकमुश्त समाधान योजना को लागू किया जाए। साथ ही लाइसेंस रिव्यू हर साल कराने की व्यवस्था को बदलकर 5 साल में एक बार किया जाए। पेट्रोल डीजल पर वेट कम होने और सस्ती बिजली की उम्मीद उद्योग जगत लगा कर बैठा है।

स्थानीय विकास पर फोकस

इस साल के बजट में सरकार स्थानीय मुद्दों के विकास पर सबसे ज्यादा फोकस करने की तैयारी में है। इसके लिए सरकार ने मौजूदा विधायकों से 15 करोड़ रुपए तक के विकास कार्यों का प्रस्ताव मांगा था। उन विकास कार्यों के लिए बजट में खास राशि का प्रावधान होगा।