//

पहली बार भारत-पाकिस्तान साथ में कर सकते हैं युद्धाभ्यास, इस देश ने की पहल

Start

नई दिल्ली। दुनिया में जब दुश्मनी की बात आती है तो भारत-पाकिस्तान का नाम सामने आ जाता है। पिछले कुछ दिनों से दोनों देशों के संबंध काफी तल्ख रहे हैं, लेकिन अब बिगड़ते रिश्तों पर जमी बर्फ पिघल रही है और दोनों देश एक दूसरे के नजदीक आ रहे हैं। दोनों देशों के बीच बैक चैनल चर्चा का नतीजा है कि सुलगती सीमाओं पर युद्धविराम हो गया है।

दोनों के बीच हो चुकी है चार जंग

चार जंग एक दूसरे के खिलाफ लड़ चुकी भारत और पाकिस्तान की सेनाएं एक संयुक्त युद्दाभ्यास का हिस्सा होंगी। शंघाई सहयोग संगठन के अंतर्गत पाकिस्तान के पब्बी इलाके में आतंकवाद पर लगाम लगाने वाला युद्धाभ्यास होगा और भारतीय सेना भी उसमें शामिल होगी। हालांकि इस बात का अधिकारिक एलान नहीं हुआ है, लेकिन रूस की दिलचस्पी को देखते हुए भारतीय सेना इस युद्धाभायास का हिस्सा होगी। भारत पहली बार पाकिस्तान में किसी युद्धाभ्यास का हिस्सा होगा।

सीमा पर हुआ संघर्ष विराम

माना जा रहा है कि भारत और पाकिस्तान के बीच रिश्तों को सुधारने में संयुक्त अरब अमीरात और सऊदी अरब ने अहम रोल निभाया है। पाकिस्तान इन दिनों गंभार आर्थिक संकट के दौर से गुजर रहा है, इसलिए उसने भारत के साथ संबंधों को सुधारने में ही अपनी भलाई समझी। PM इमरान खान और सेना प्रमुख कमर जावेद बाजवा दोनों शांति की अपील के बयान दे रहे हैं। 25 फरवरी के बाद सीजफायर वॉयलेशन का भी कोई मामला सामने नहीं आया है। मंगलवार को पाकिस्तान दिवस के अवसर पर पीएम मोदी ने पाक पीएम इमरान खान को बधाई संदेश भी दिया।

पाक अफसरों का दल पहुंचा दिल्ली

ढाई साल के लंबे अंतराल के बाद पहली बार पाकिस्तानी अफसरों का दल दिल्ली पहुंचा और मंगलवार को सिंधु नदी जल बंटवारे पर स्थायी आयोग की दो दिन की बैठक शुरू हुई। भारतीय अफसरों का कहना है कि इस बैठक के साथ ही दोनों देशों के संबंध सामान्य बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई है।