////

Coronavirus: शादी की पार्टी में सख्ती का वीडियो वायरल होने पर डीएम ने माांगी माफी, सीएम ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट

Start

Coronavirus: कोरोना वायरस के बढ़ते प्रकोप को रोकने के लिए केंद्र और राज्य सरकारें हरसंभव कोशिश कर रही है। ऐसे में लॉकडाउन को सख्ती से लागू करने के साथ विवाह और दूसरे जरुरी समारोह को सीमित लोगों के साथ करने की अनुमति दी जा रही है। ऐसे में लोग जब इसका उल्लंघन कर रहे हैं तो अधिकारी सख्ती से पेश आने में भी गुरेज नहीं कर रहे हैं। ऐसी ही एक घटना में डीएम ने जब सख्ती दिखाई तो सोशल मीडिया पर काफी बवाल मचा। इसके बाद जिला मजिस्ट्रेट को चौतरफा दबाव के बाद माफी मांगना पड़ी।

नाइट कर्फ्यू के दौरान हो रही थी शादी

सोशल मीडिया में इन दिनों एक वीडियो काफी वायरल हो रहा है। जिसमें एक जिला मजिस्ट्रेट शादी समारोह में कोरोना प्रोटोकॉल का पालन नहीं करने पर सख्ती से पेश आते दिखाई दे रहे हैं। कलेक्टर साहब ने शादी में लोगों को जमकर लताड़ लगाई और विवाह के रंग को फीका कर दिया था और लोगों को वहां से जाने के लिए मजबूर कर दिया था। शादी में कलेक्टर की सख्ती का ये वीडियो त्रिपुरा का है, जहां नाइट कर्फ्यू के दौरान माणिक्य कोर्ट में एक शादी की पार्टी चल रही थी। डीएम शैलेश कुमार यादव ने कोविड गाइडलाइन का पालन नहीं करने वालों को अरेस्ट करने का ऑर्डर देते हुए दूल्हा और दुल्हन को भी बलपूर्वक मैरिज हॉल से निकाल दिया था।

मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने मांगी विस्तृत रिपोर्ट

इसके साथ ही माणिक्य कोर्ट सहित दो मैरिज हॉल बंद करने की धमकी दी थी। सोशल मीडिया पर जब डीएम शैलेश कुमार की कार्रवाई पर सही और गलत को लेकर बहस जारी है ऐसे समय डीएम शैलेश कुमार यादव ने माफी मांग ली है और कहा कि मेरा इरादा किसी को अपमानित करने या जलील करने कानहीं था। कोरोना कहर के बीच जो भी हुआ, वह लोगों के भले के लिए था। यदि किसी को मेरी कार्रवाई से दुख पहुंचा है तो मैं उसके लिए माफी मांगता हूं। इस बीच मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने इस मामले पर एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।

कोरोना कहर के बीच त्रिपुरा में नाइट कर्फ्यू के दौरान एक शादी की पार्टी के दौरान रेड मारकर खलबली मचाने वाले डीएम शैलेश कुमार की कार्रवाई पर सही और गलत को लेकर सोशल मीडिया पर बहस जारी है। इस बीच एक्शन के 24 घंटे के भीतर त्रिपुरा के जिला मजिस्ट्रेट शैलेश कुमार यादव द्वारा कोरोना मानदंडों के पालन न करने के आरोप में एक विवाह स्थल पर छापेमारी करने और लोगों के साथ दुर्व्यवहार करने के मामले में मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने इस पर एक विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।